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बाल संगम कार्यक्रम में मुख्यमंत्री गहलोत बोले... केंद्र सरकार घमंड में चल रही कि सब कुछ ठीक चल रहा,अर्थव्यवस्था तहस-नहस हो रही
November 19, 2019 • Dr. Surendra Sharma

कार्यालय संवाददाता

जयपुर। सोमवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत अजमेर के दौरे पर रहे। इस दौरान वे बाल संगम कार्यक्रम को संबोधित करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बात की। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार और राज्य बहुत संकट में आ रहे हैं। समय रहते हुए केंद्र सरकार को कदम उठाने चाहिए। वह अभी अहम और घमंड में ही चल रहे हैं कि सब कुछ ठीक चल रहा है। उन्होंने कहा कि देश की आर्थिक लोग हवाई में यात्रा कर रहे हैं, कारों में घूम स्थिति बिगड़ती जा रही है, इसकी चिंता रहे हैं, टोल टैक्स दे रहे हैं यह बता रहे हैं आपको और हमको भी होनी चाहिए। कहां मंदी है, यह उनकी सोच है। हमारी इन्होंने ढंग से जीएसटी लागू नहीं किया। सोच है कि अर्थव्यवस्था ही तहस-नहस उसके कारण से जीएसटी की रेवेन्यू कम हो रही है। हो गई है। केंद्र सरकार की रेवन्यू कम हो गई तो वह क्या कर रहे हैं, कटौती कर रहे अर्थव्यवस्था की। पहले प्रधानमंत्री पंडित हैं। सब राज्यों को टैक्स का हिस्सा मिलता ___ जवाहरलाल नेहरु की जो सोच थी उसको है, उसके अंदर कटौती हो रही है। राज्यों इस सरकार ने खत्म कर दिया है। नंबर दो को ग्रांट मिलता है उस में कटौती हो रही जो नरसिम्हा राव जी के समय नीतियां है, बड़ी कटौती हो रही है। राजस्थान में बनी थी, मनमोहन सिंह जी ने बनाई थी करीब 7000 करोड़ रुपए की कटौती हो उस पर सरकार को चलना चाहिए। देश गई है। केंद्र सरकार भी और राज्य भी को बचाना तो इससे अधिक कोई क्या बहत संकट में आ रहे हैं। समय रहते हुए कहेगा। केंद्र सरकार को कदम उठाने चाहिए। वह कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अभी अहम और घमंड में ही चल रहे हैं गहलोत बोले कि मुझे बहुत खुशी है कि कि सब कुछ ठीक चल रहा है। लोग हवाई आज इस बाल संगम कार्यक्रम में मुझे में यात्रा कर रहे हैं, कारों में घूम रहे हैं, आने का सौभाग्य मिला, मैं देख रहा हूं कि टोल टैक्स दे रहे हैं यह बता रहे हैं कहां आप सभी बच्चे बहुत ही अनुशासन और मंदी है, यह उनकी सोच है। हमारी सोच उत्साह के साथ बैठे हैं। वह इस बात का है कि अर्थव्यवस्था ही तहस-नहस हो तीलाच बठ हैवह इस बात का प्रतीक है कि जिन स्कूलों में आप पढ़ते है, रही है। हॉस्टल में रहते है वहां के प्रबंधक के अर्थशास्त्री कह रहे हैं। हमारी वित्त मार्गदर्शन में यह संभव होता है। उसके मंत्री हैं निर्मला सीतारमण उनके पति कह लिए मैं आप सबको बधाई और रहे हैं कि इस सरकार को समझ ही नहीं है आशीर्वाद देता हूं